Home
/
Hindi
/
Hindi Bible
/
Web
/
Hebrews
Hebrews 10.33
33.
कुछ तो यों, कि तुम निन्दा, और क्लेश सहते हुए तमाशा बने, और कुछ यों, कि तुम उन के साझी हुए जिन की दुर्दशा की जाती थीं।